🌸 "हर सुबह भगवान का आभार व्यक्त करें, क्योंकि हर दिन एक नई शुरुआत है।" 🌟 "सकारात्मक सोच से जीवन में चमत्कार होते हैं।" 🙏 "ईश्वर पर भरोसा रखें, और वह आपको सही रास्ता दिखाएंगे।" 🕉️ "भक्ति और श्रद्धा से भरा जीवन, सच्ची खुशी का मार्ग है।" 🌺 "यहां आपको भक्ति भजन, चालीसा, आरती और आध्यात्मिक कहानियों का संग्रह मिलेगा।" ✨ "हनुमान चालीसा का पाठ करें और भगवान हनुमान की कृपा प्राप्त करें।" 🌼 "मां दुर्गा की आराधना करें और अपने जीवन में सुख, शांति और समृद्धि लाएं।" 📜 "रामायण और महाभारत की कहानियों से प्रेरणा लें।" 🧘 "ध्यान और योग के माध्यम से अपने मन को शांति और आत्मा को आनंद से भरें।" 🔔 "भारतीय त्योहारों की महिमा और उनके आध्यात्मिक महत्व को समझें।"

आरती कुंजबिहारी



 आरती कुंजबिहारी की,

श्री गिरिधर कृष्ण मुरारी की ॥
आरती कुंजबिहारी की,
श्री गिरिधर कृष्ण मुरारी की ॥

गले में बैजंती माला,
बजावै मुरली मधुर बाला ।
श्रवण में कुण्डल झलकाला,
नंद के आनंद नंदलाला ।
गगन सम अंग कांति काली,
राधिका चमक रही आली ।
लतन में ठाढ़े बनमाली
भ्रमर सी अलक,
कस्तूरी तिलक,
चंद्र सी झलक,
ललित छवि श्यामा प्यारी की,
श्री गिरिधर कृष्ण मुरारी की ॥
॥ आरती कुंजबिहारी की...॥

कनकमय मोर मुकुट बिलसै,
देवता दरसन को तरसैं ।
गगन सों सुमन रासि बरसै ।
बजे मुरचंग,
मधुर मिरदंग,
ग्वालिन संग,
अतुल रति गोप कुमारी की,
श्री गिरिधर कृष्णमुरारी की ॥
॥ आरती कुंजबिहारी की...॥

जहां ते प्रकट भई गंगा,
सकल मन हारिणि श्री गंगा ।
स्मरन ते होत मोह भंगा
बसी शिव सीस,
जटा के बीच,
हरै अघ कीच,
चरन छवि श्रीबनवारी की,
श्री गिरिधर कृष्णमुरारी की ॥
॥ आरती कुंजबिहारी की...॥

चमकती उज्ज्वल तट रेनू,
बज रही वृंदावन बेनू ।
चहुं दिसि गोपि ग्वाल धेनू
हंसत मृदु मंद,
चांदनी चंद,
कटत भव फंद,
टेर सुन दीन दुखारी की,
श्री गिरिधर कृष्णमुरारी की ॥
॥ आरती कुंजबिहारी की...॥

आरती कुंजबिहारी की,
श्री गिरिधर कृष्ण मुरारी की ॥
आरती कुंजबिहारी की,
श्री गिरिधर कृष्ण मुरारी की ॥
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