🌸 "हर सुबह भगवान का आभार व्यक्त करें, क्योंकि हर दिन एक नई शुरुआत है।" 🌟 "सकारात्मक सोच से जीवन में चमत्कार होते हैं।" 🙏 "ईश्वर पर भरोसा रखें, और वह आपको सही रास्ता दिखाएंगे।" 🕉️ "भक्ति और श्रद्धा से भरा जीवन, सच्ची खुशी का मार्ग है।" 🌺 "यहां आपको भक्ति भजन, चालीसा, आरती और आध्यात्मिक कहानियों का संग्रह मिलेगा।" ✨ "हनुमान चालीसा का पाठ करें और भगवान हनुमान की कृपा प्राप्त करें।" 🌼 "मां दुर्गा की आराधना करें और अपने जीवन में सुख, शांति और समृद्धि लाएं।" 📜 "रामायण और महाभारत की कहानियों से प्रेरणा लें।" 🧘 "ध्यान और योग के माध्यम से अपने मन को शांति और आत्मा को आनंद से भरें।" 🔔 "भारतीय त्योहारों की महिमा और उनके आध्यात्मिक महत्व को समझें।"

श्री व्यंकटेश आरती

श्री व्यंकटेश आरती (Shri Venkatesh Aarti)


शेषाचल अवतार तारक तूं देवा l
सुरवर मुनिवर भावें करिती जन सेवा ll

कमलारमणा अससी अगणित गुण ठेवा l

कमलाक्षा मज रक्षुनि सत्वर वर द्यावा ll १ ll

जय देव जय देव जय व्यंकटेशा l

केवळ करूणासिंधु पुरविसी आशा ll धृ. ll

हे निजवैकुंठ म्हणुनी ध्यातों मी तू तें l

दाखविसी गुण कैसे सकळिक लोकाते ll

देखुनि तुझे स्वरूप सुख अद्‌भुत होते  l

ध्यातां तुजला श्रीपति दृढ मानस होते  ll

Shri Venkatesh Aarti in English


Sheshachal avtar tarak tu deva |
Survar munivar bhave kariti jan seva ||

Kamlaramna assi aganit gun theva |
Kamlaksha maj rakshuni stavar var dhyava || 1 ||

Jay dev jay dev jay venkatesha |
Keval karunasindhu purvisi asha || Dhru.||

Hey nijvaikunth mahuni dhyato me tu te |
Dakhvisi gun kaise saklik lokate ||

Dekhuni tujhe swaroop sukh adbhut hote |
Ghyata tujla shripati dhrud maanas hote || 2 ||

जय देव व्यंकटेशा ।
महाविष्णू हे परेशा ॥

आरती ओवळीतो ।
तुज चिन्मय अविनाशा ॥ धृ. ॥

भावार्थ कानगिसी भक्तांपासी तूं मागसी ।
अज्ञान छेदुनियां ॥

भवसंकट वारीसी ।
देवोनी स्वात्मबोधा ।
परमानंदी तूं ठेवीसी ॥ जय. ॥ १ ॥

तत्वंपदभेदबुद्धी ।
निरसुन शबलांशउपाधी ॥

लक्ष्यार्थि जीवेशांचे ।
करिसी ऐक्य असिपदीं ॥

जीवन्मुक्ती सुख थोर ।
देसी परमकृपानिधी ॥ जय. ॥ २ ॥

विवर्त हे नायरुप ।
जगद्‌भासचि असार ॥

अधिष्ठान पूर्ण याचे ॥
देव सन्मय साचार ॥

मौनी म्हणे तुंचि सर्व ।
भूमानंद हे अपार ॥ जय. ॥ ३ ॥



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